| श्री राम जय राम जय जय राम |
| चौपाई | :- | सुनु सिय सत्य असीस हमारी। पूजहि मन कामना तुम्हारी॥ | |
| सन्दर्भ | :- | यह चौपाई बालकाण्ड में श्री सीता जी के गौरी पूजन के प्रसंग में है । गौरी जी ने श्री सीता जी को आशीर्वाद दिया है । | |
| अर्थ | :- | हे सीता! हमारी सच्ची आसीस सुनो, तुम्हारी मनःकामना पूरी होगी। नारदजी का वचन सदा पवित्र (संशय, भ्रम आदि दोषों से रहित) और सत्य है। जिसमें तुम्हारा मन अनुरक्त हो गया है, वही वर तुमको मिलेगा । | |
| उत्तर | :- | प्रश्नकर्ता का प्रश्न उत्तम है, कार्य सिद्ध होगा। | |
| श्री राम श्लोकी प्रश्नावली - गीता प्रसार |
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